विशाखापत्तनम-जैन कनेक्ट संवाददाता | विशाखापत्तनम शहर के होनहार युवा भावेश जैन को ताइवान सरकार के ओशन अफेयर्स काउंसिल द्वारा आयोजित 2025 Taiwan International Ocean Forum में भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए आमंत्रित किया गया है। यह प्रतिष्ठित सम्मेलन 2 और 3 जुलाई 2025 को ताइपेई सिटी, ताइवान में आयोजित होगा, जिसमें विश्वभर के समुद्री सुरक्षा विशेषज्ञ, विद्वान और नीति-निर्माता शामिल होंगे।
भावेश जैन को फोरम के विशेष सत्र “The Youth Generation: Key to a Harmonious and Sustainable Future” में वक्ता के रूप में आमंत्रित किया गया है। वे भारत के युवाओं की आवाज बनकर वैश्विक मंच पर अपनी बात रखेंगे।
🌊 ताइवान अंतरराष्ट्रीय महासागर फोरम में आमंत्रण भावेश जैन को भारत के युवा प्रतिनिधि के रूप में आमंत्रित किया गया है, जो ताइपेई सिटी में आयोजित होने जा रहे फोरम में हिस्सा लेंगे।
🌐 विश्व स्तर पर होगा मंथन सम्मेलन का मुख्य विषय “Maritime Security and Blue Economy” है, जिसमें विश्व के प्रमुख समुद्री नीति-निर्माता भाग लेंगे।
🗣️ विशेष सत्र में देंगे वक्तव्य भावेश को सत्र VI “The Youth Generation” में विशेष वक्ता के रूप में आमंत्रित किया गया है।
🏆 राष्ट्रीय पुरस्कार से हो चुके हैं सम्मानित भावेश को Young India Challenge में राष्ट्रीय पुरस्कार और आंध्र प्रदेश राज्य के सर्वश्रेष्ठ एनएसएस स्वयंसेवक के रूप में सम्मान मिल चुका है।
🤝 वैश्विक युवाओं के साथ संवाद वे जापान, फिलीपींस और ताइवान के युवा प्रतिनिधियों के साथ मिलकर टिकाऊ भविष्य पर चर्चा करेंगे।
🌱 स्थायित्व और सहयोग की दिशा में योगदान भावेश युवाओं के दृष्टिकोण से वैश्विक सहयोग और सतत विकास के उपाय साझा करेंगे।
📚 युवा नेतृत्व में अग्रणी भावेश जैन लंबे समय से युवा नेतृत्व और सामाजिक उत्तरदायित्व के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभा रहे हैं।
🇮🇳 भारत की युवा शक्ति का प्रतिनिधित्व वे भारत के युवाओं की सोच और सामर्थ्य को वैश्विक मंच पर प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करेंगे।
🌟 विशाखापत्तनम को अंतरराष्ट्रीय पहचान उनकी इस उपलब्धि से शहर और राज्य का नाम अंतरराष्ट्रीय स्तर पर रोशन हुआ है।
📣 युवाओं के लिए प्रेरणा भावेश की सफलता देशभर के युवाओं को अंतरराष्ट्रीय मंचों पर भाग लेने और अपने विचार साझा करने के लिए प्रेरित करेगी।
भावेश जैन की यह ऐतिहासिक भागीदारी न केवल विशाखापत्तनम बल्कि पूरे भारत के युवाओं के लिए गर्व का विषय है। यह सिद्ध करता है कि युवा जब सामाजिक दायित्व को अपनाकर आगे बढ़ते हैं, तो वे वैश्विक भविष्य की दिशा तय करने में अहम भूमिका निभा सकते हैं।
Source : Indian Express

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