सतना-जैन कनेक्ट संवाददाता | चित्रकूट के प्रसिद्ध नेत्र चिकित्सक और समाजसेवी डॉ. बी.के. जैन को चिकित्सा, शिक्षा और जनसेवा के क्षेत्र में उनके असाधारण योगदान के लिए देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों में से एक पद्मश्री से राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा सम्मानित किया गया है। यह सम्मान न सिर्फ डॉ. जैन के लिए, बल्कि पूरे विंध्य अंचल के लिए गौरव की बात बन गया है।
🏅 राष्ट्रपति से पद्मश्री सम्मान राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में डॉ. जैन को पद्मश्री से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर उनके परिवार के सदस्य भी उपस्थित रहे।
🏥 सदगुरु नेत्र चिकित्सालय के संस्थापक डॉ. बी.के. जैन चित्रकूट स्थित ‘सदगुरु नेत्र चिकित्सालय’ के संस्थापक निदेशक और ट्रस्टी हैं, जिसने लाखों लोगों की आंखों को रोशनी दी है।
🔬 विश्व स्तरीय नेत्र चिकित्सा केंद्र चित्रकूट स्थित यह संस्थान अब विश्व के अग्रणी नेत्र संस्थानों में शामिल हो चुका है, जहां हर साल 1.55 लाख से अधिक ऑपरेशन किए जाते हैं।
🏗️ ऑफ्थैल्मिक मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर की स्थापना यहां दुनिया का सबसे बड़ा ऑफ्थैल्मिक मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर स्थापित किया गया है, जो चिकित्सा विज्ञान में भारत की उपलब्धि है।
🧑⚕️ 130 प्राथमिक नेत्र जांच केंद्र मप्र और उप्र में स्थापित 130 प्राथमिक नेत्र केंद्रों के माध्यम से ग्रामीण अंचलों में समय पर उपचार सुनिश्चित किया जा रहा है।
🎓 शिक्षा और जागरूकता में योगदान नेत्र चिकित्सा के साथ-साथ शिक्षा और नेत्र जागरूकता के क्षेत्र में डॉ. जैन ने अनूठे कार्य किए हैं।
🚑 हजारों नेत्र शिविरों का आयोजन हर साल हजारों सामुदायिक नेत्र शिविरों का आयोजन होता है, जिससे लाखों ग्रामीण लाभान्वित हो रहे हैं।
📍 मोतियाबिंद से मुक्ति अभियान पन्ना, बांदा, फतेहपुर, हमीरपुर और सतना जैसे जिलों को मोतियाबिंद मुक्त बनाने के लिए विशेष अभियान चलाया गया है।
🎓 रीवा और मुंबई से चिकित्सा शिक्षा डॉ. जैन ने रीवा से एमबीबीएस और मुंबई के सायन मेडिकल कॉलेज से नेत्र रोग में पोस्ट ग्रेजुएशन किया।
🌿 शहर नहीं, गांव की सेवा को चुना मुंबई जैसे शहरों में अवसरों के बावजूद डॉ. जैन ने गांवों को अपनी सेवा समर्पित करने का निर्णय लिया और चित्रकूट को सेवा का केंद्र बनाया।
डॉ. बी.के. जैन का यह सम्मान न केवल उनके समर्पित सेवाभाव की मान्यता है, बल्कि यह उन सभी ग्रामीण जनों के जीवन में आई रोशनी की जीत है, जिनकी आंखों में उन्होंने आशा का उजाला भरा है। पद्मश्री पुरस्कार के जरिए देश ने एक सच्चे जनसेवक को सलाम किया है।

Leave a Reply